А¤а¤ѕа¤°а¤¤аґ‡а¤‚दഃ А¤їаґѓа¤— { Bhartendu Yug } А¤а¤ѕа¤°а¤¤аґ‡а¤‚दഃ А¤їаґѓа¤— А¤•аґђ А¤µа¤їа¤¶аґ‡а¤·а¤¤а¤ѕ || А¤а¤ѕа¤°а¤¤аґ‡а¤‚दഃ А¤їаґѓа¤— А¤•ഇ А¤°а¤ља¤ёа¤ѕа¤•а¤ѕа¤° Site
रचनाकार प्रमुख रचनाएँ भारतेंदु हरिश्चंद्र
इस युग के कवियों ने देशप्रेम और राष्ट्रभक्ति पर बल दिया। अंग्रेजों के शोषण के विरुद्ध आवाज उठाना और भारतीयों में गौरव जगाना प्रमुख लक्ष्य था। मन की लहर
प्रेम पुष्पावली, मन की लहर, हठी हम्मीर हठी हम्मीर पावस पचासा
पावस पचासा, सुकवि सतसई, हो हो होरी प्रेम संपत्ति लता
क्या आप भारतेंदु युग के किसी या उनकी काव्यगत शैली के बारे में विस्तार से जानना चाहेंगे?
भारत दुर्दशा, अंधेर नगरी, प्रेम मालिका, वैदिकी हिंसा हिंसा न भवति
श्यामा स्वप्न, देवयानी, प्रेम संपत्ति लता